
Harda News Today: हरदा कलेक्टर सिद्धार्थ जैन ने जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित स्वास्थ्य केन्द्रों, स्कूलों, आंगनवाड़ी केन्द्रों एवं अन्य संस्थाओं की गतिविधियों के सुचारू संचालन के निर्देश दिये हैं. कलेक्टर ने साफ़ कहा है कि मैदानी क्षेत्रों में पदस्थ अमला अपने दायित्व मुस्तैदी से निभाए, लापरवाही पर सख्त कार्यवाही की जाएगी.
कलेक्टर ने ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा किया
शुक्रवार यानी 6 मार्च को जिले के ग्रामीण क्षेत्रों के भ्रमण के दौरान ग्राम रोलगांव की प्राथमिक शाला में शैक्षणिक व्यवस्था काफ़ी असंतोषजनक पाये जाने एवं शिक्षकों द्वारा शिक्षण कार्य में रूचि नहीं देखी जाने पर कलेक्टर ने तुरंत एक्शन लेते हुए स्कूल से संबंधित जन शिक्षक एवं स्कूल के प्रधानाध्यापक का एक-एक सप्ताह का वेतन काटने के निर्देश दिये. साथ ही उक्त दोनों कर्मचारियों से इस लापरवाही पर जवाब भी मांगा जा सकता है.
वहीं, कलेक्टर ने आंगनवाड़ी केन्द्रों के भ्रमण के दौरान आंगनवाड़ियों में उचित प्रकाश व्यवस्था एवं अनमोल एप पर एन्ट्री नहीं होने पर नाराजगी व्यक्त की. इस दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला अधिकारी को निर्देशित किया कि सभी आंगनवाड़ी केन्द्रों में बच्चों के लिये उचित प्रकाश व्यवस्था रहे. अनमोल एप पर आवश्यक जानकारी दर्ज करने के लिये कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जाये.
कलेक्टर ने इन ग्रामीण क्षेत्रों में दौरा किया
कलेक्टर ने ग्रामीण क्षेत्र कनारदा, मोहनपुरा, महेन्द्र गांव, सिराली, डगावाशंकर एवं रोल गांव के भ्रमण के दौरान इन ग्रामों में संचालित विभिन्न विभागों के कार्यालयों का बारीकी से निरीक्षण किया. ग्राम मोहनपुरा में उन्होने आरोग्य केन्द्र, आंगनवाड़ी एवं मिडिल स्कूल का निरीक्षण कर यहां की व्यवस्थाएं देखी एवं आवश्यक दिशा निर्देश दिये.
कनारदा के भ्रमण के दौरान उन्होंने आयुष्मान आरोग्य केंद्र पहुंचकर वहां मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही व्यवस्थाओं की जानकारी ली. साथ ही शत प्रतिशत पात्र बालिकाओं को एचपीवी वैक्सीन लगवाने के निर्देश दिये. यहां उन्होंने मिडिल स्कूल का भी निरीक्षण किया. वहीं, जल गंगा संवर्धन अभियान अंतर्गत गोपाल राधेश्याम के खेत में निर्मित तालाब का अवलोकन किया.
कलेक्टर ने इन ग्रामीण क्षेत्रों में व्यवस्थाएं देखीं
ग्राम मोहनपुरा में आरोग्य केन्द्र, आंगनवाड़ी एवं मिडिल स्कूल की व्यवस्थाएं देखीं. महेन्द्रगांव में आरोग्य केन्द्र तथा आंगनवाड़ी का निरीक्षण किया. आंगनवाड़ी में प्रकाश व्यवस्था नहीं होने पर तत्काल प्रकाश व्यवस्था करवाने के निर्देश दिये. यहां शासकीय अनुसूचित जाति जूनियर बालक छात्रावास भवन में आवश्यक प्रकाश व्यवस्था एवं मरम्मत करवाने के निर्देश दिये.
किराये के भवन में संचालित छात्रावास के भवन की उपयुक्तता की जांच करने के भी ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के अधिकारी को निर्देश दिये गये. शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सिराली में परीक्षा परिणामों की स्थिति की जानकारी ली गई. यहां पर आदिवासी कन्या छात्रावास एवं आदिवासी बालक छात्रावास का निरीक्षण कर वहां निवासरत विद्यार्थियों की शैक्षणिक व्यवस्था एवं रहने की व्यवस्था का निरीक्षण किया. साथ ही छात्रावासों के विद्यार्थियों के लिये कोडिंग का पाठ्यक्रम प्रारम्भ करने के निर्देश दिये.
सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सिराली का निरीक्षण
इसके अलावा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सिराली के निरीक्षण के दौरान यहां एचपीवी वैक्सीन लगवाने आई छात्राओं से चर्चा की एवं उनको वैक्सीन लगवाने का प्रमाण-पत्र प्रदान किया. इस दौरान कलेक्टर ने अस्पताल की विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण भी किया.
कलेक्टर ने ग्राम डगावाशंकर में संचालित गौशाला का निरीक्षण कर किसानों से नरवाई नहीं जलाने की अपील की. साथ ही कहा कि उनके पास अतिशेष भूसा गौशाला में उपलब्ध कराएं. यहां आंगनवाड़ी एवं माध्यमिक शाला का भी कलेक्टर द्वारा निरीक्षण किया गया.
कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए ये निर्देश
ग्रामीण इलाकों के भ्रमण के दौरान कलेक्टर ने सभी कम्यूनिटी स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिये कि हाइपर टेंशन से पीड़ित गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की निरन्तर जांच की जाए एवं उनके स्वास्थ्य पर सतत निगरानी रखी जाए. ऐसी महिलाओं को उचित सलाह दी जाए तथा उपचार भी दिया जाए.
कलेक्टर ने ग्रामीण क्षेत्रों के भ्रमण के दौरान बालिकाओं एवं उनके अभिभावकों को समझाइश दी कि सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिये 14 वर्ष की बालिकाओं के लिये लगाए जा रहे एचपीवी वैक्सीन से कोई नुकसान नहीं है अपितु यह वैक्सीन भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षा देता है. इस वैक्सीन के संबंध में कोई भ्रम न पालें एवं 14 वर्ष की बालिकाओं को यह वैक्सीन अवश्य लगवाएं.



